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जिस दूध को सरस डेयरी ने अपनी जांच में शुद्ध बताया, वह निकला ‘जहरीला’, इन पर केस दर्ज

क्राइम ब्रांच ने सरस डेयरी के दूध संग्रहण केन्द्र से जब्त किया 1000 लीटर दूध सिंथेटिक निकला। क्राइम ब्रांच ने मिलावटी दूध होने की आशंका पर कार्रवाई कर मौके पर सरस व फूड डिपार्टमेंट के अधिकारियों को बुला लिया था।

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Jaipur Saras Dairy Milk Synthetic case update

जयपुर। क्राइम ब्रांच ने सरस डेयरी के दूध संग्रहण केन्द्र से जब्त किया 1000 लीटर दूध सिंथेटिक निकला। क्राइम ब्रांच ने मिलावटी दूध होने की आशंका पर कार्रवाई कर मौके पर सरस व फूड डिपार्टमेंट के अधिकारियों को बुला लिया था। सरस डेयरी के अधिकारियों ने दूध के सैंपल लेकर उसे जांच के बाद शुद्ध बताया था, लेकिन फूड डिपार्टमेंट ने सोमवार रात को जारी की जांच रिपोर्ट में दूध को सिंथेटिक बताया है। यानी दूध जहरीला है।

इस दूध के सेवन से कैंसर सहित कई गंभीर बीमारी हो सकती हैं। पुलिस ने एफआईआर में सरस डेयरी के अध्यक्ष एमडी, क्वालिटी कन्ट्रोल ऑफिसर व समस्त बड़े अधिकारीगण व सतर्कता अधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया। सिंथेटिक दूध बेचने में इनकी भूमिका भी शामिल बताई। एफआईआर में बताया कि सरस डेयरी के अधिकारी ही आमजन को सिंथेटिक दूध सप्लाई कर रहे थे। गौरतलब है कि क्राइम ब्रांच ने कौथुन में गोविंद नारायण जाट नाम के व्यक्ति की बीएमसी 0958 पर छापा मार एक पिकअप में रखे ड्रम से 1000 लीटर दूध जब्त किया था।

सरस डेयरी में कैसे सिंथेटिक दूध जांच के बाद हो रहा पास
एडीजी एमएन ने बताया कि कौथुन में मिले मिलावटी दूध के संबंध में अब एसएचओ की ओर से आईपीसी की धारा 188, 272, 273, 328 में 120बी के अंतर्गत थाना चाकसू पर मुकदमा दर्ज किया गया है। मिली भगत के इस बड़े खेल में जयपुर डेयरी के अधिकारियों, बीएमसी और सिंथेटिक दूध के सप्लायरों के बीच गठजोड़ की भूमिका की जांच की जाएगी। सरस डेयरी प्रशासन के किस व्यक्ति की मिली भगत से नकली और सिंथेटिक दूध जांच में पास होकर आसानी से खप रहा है। इसमें बड़े गिरोह के होने की पूरी आशंका है। क्राइम ब्रांच जल्द ही इसका खुलासा करेगी।

1000 लीटर जब्त किया था दूध, मृत कीट मिले
एडीजी दिनेश एमएन ने बताया कि फूड डिपार्टमेंट की ओर से सेठी कॉलोनी जयपुर स्थित स्टेट सेंट्रल पब्लिक हेल्थ प्रयोगशाला से जांच करवाई गई। जांच रिपोर्ट के अनुसार सैंपल के लिए गए वनस्पति घी से तैयार दूध में मृत कीट और रेत व गंदगी के कण पाए गए। रिपोर्ट में दूध को अनसेफ बताया है। उन्होंने बताया कि कैथवाड़ा व दौसा में बरामद दूध और पनीर की भी जांच रिपोर्ट आ गई। यहां मिले दूध व पनीर को सिंथेटिक बताया है।

कैंसर सहित कई गंभीर बीमारी होने का खतरा
एमएन ने बताया कि सिंथेटिक दूध में विभिन्न केमिकल, तेल और यूरिया सहित कई हानिकारक चीजें इस्तेमाल की जा रहीं हैं। ऐसा दूध स्वास्थ्य के लिए धीमे जहर का काम करता है। सिंथेटिक दूध पीने से कैंसर सहित कई गंभीर बीमारी होने का खतरा रहता है। इससे किडनी, लीवर, फेफड़े और हृदय को नुकसान पहुंचता है।