इस सोने की मात्रा करीब 4600 टन है। ये आर्मी पोस्ट 109,000 एकड़ में फैली हुई है। इसकी छत बम प्रुफ है और इसके अंदर रखा गोल्ड वॉल्ट मोटी ग्रेनाइट की दीवारों से घिरी है और तो और ये बिल्डिंग मल्टीपल अलार्म वाली फेंसिंग से घिरी है और इसकी 24 घंटे एक हेलीकॉप्टर से इसकी निगरानी की जाती है।
इसमें 22 टन के दरवाजे लगे हुए है और इन दरवाजों को कोड से लॉक किया गया है।इन सारी खूबियों के चलते ये दुनिया की सबसे सुरक्षित इमारतों में से एक है। ऐसे में किसी भी बाहरीआदमी का इस बिल्डिंग में प्रवेश कर पाना नामुमकिन है। सुरक्षा की दृष्टि से अव्वल होने के कारण इस बिल्डिंग में कई सारे देश अपनी संपत्तियों को रख चुके हैं जैसे कि यूरोपियन नेशन के गोल्ड रिजर्व, मैग्ना कार्टा, यूके का क्राउन ज्वेलर्स और अमेरिकी संविधान को यहां सुरक्षित रखा गया है।
इस बिल्डिंग का कंस्ट्रक्शन साल 1936 में अमरीका ट्रेजरी डिपार्टमेंट ने किया था। अमरीका ट्रेजरी डिपार्टमेंट को ये जमीन अमेरिकी मिलिट्री ने ट्रांसफर किया था। साल 1988 में अमेरिका के ऐतिहासिक स्थानों की राष्ट्रीय सूची में इसे शामिल कर लिया गया।
बता दें साल 1936 में इस बिल्डिंग को बनाने के दौरान करीब 5.6 अमरिकी डॉलर यानि कि इंडियन करेंसी के मुताबिक साढ़े तीन करोड़ का खर्च आया था। किसी भी महंगे चीज़ को हम काफी संभाल कर रखते हैं और अब जब यहां 4600 टन सोना रखा हुआ है तो उस स्थान की ऐसी सुरक्षा का होना काफी लाजिमी है।