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Rajasthan: रणथंभौर नेशनल पार्क से खुशखबर, चर्चित बाघिन टी-107 चौथी बार बनी मां

बीते दिनों हमला कर बच्चे की मौत के लिए जिम्मेदार बाघिन टी-107 ने चौथी बार शावकों को जन्म दिया है, अभी तक वन विभाग के कैमरे में शावक ट्रेस नहीं हो सके हैं।

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Good News: राजस्थान में सवाईमाधोपुर स्थित रणथम्भौर राष्ट्रीय उद्यान से खुश खबर है। खबर ​बीते दिनों चर्चित रही बाघिन टी-107 यानी सुल्ताना को लेकर आई है। बताया जा रहा है कि बाघिन सुल्ताना ने चौथी बार शावकों को जन्म दिया है। वन विभाग के अनुसार सुल्ताना ने जोन नंबर एक के हम्मीर कुंड के पास शावकों को जन्म दिया है। फिलहाल शावकों के फोटो ट्रेप कैमरों में फोटो नहीं आने से विभाग फिलहाल पुष्टि करने से बच रहा है। विभाग ने बाघिन के शावकों के फोटो लेने के लिए जंगल में फोटो ट्रेप कैमरे भी लगा दिए हैं।

गणेश मंदिर मार्ग पर है मूवमेंट

बता दें कि बाघिन टी-107 का मूवमेंट त्रिनेत्र गणेश मार्ग सहित मिश्रदर्रा की गुफा और उसके आसपास के क्षेत्र में रहता है। गत दिनों इसी इलाके में बाघिन के एक बच्चे पर हमला करने की घटना भी सामने आई थी। वन्यजीवों विशेषज्ञों के अनुसार इस घटना को भी इससे जोड़कर देखा जा रहा है। क्योंकि आमतौर पर बाघिन के छोटे शावकों के साथ होने पर वह उत्तेजित हो जाती है।

अब तक चार बार दे चुकी है शावकों को जन्म

वन विभाग के अनुसार बाघिन सुल्ताना ने चौथी बार शावकों को जन्म दिया है। पहली बार बाघिन सुल्ताना ने अमरेश्वर वन क्षेत्र में दो शावक को जन्म दिया। इसके बाद जोन एक में दो और तीसरी बार फिर से जोन एक में तीन शावकों को जन्म दिया। जानकारी के अनुसार बाघिन टी-107, बाघिन टी-39 यानि नूर की बेटी है। इसकी उम्र करीब नौ साल के आसपास है। बाघिन ने अपने पहले लिटर में दो शावकों को जन्म दिया था, वन विभाग ने इन्हें टी-138 और टी-139 नाम दिया था। इसके बाद दूसरे लिटर के दोनों शावकों की मौत हो गई थी। तीसरे में तीन शावकों को जन्म दिया था। इस बार भी तीन शावकों के जन्म लेने की संभावना जताई जा रही है।

एक क्षेत्र में दूसरी बार जन्मे शावक

रणथम्भौर त्रिनेत्र गणेश मंदिर मार्ग पर बाघिन हम्मीर कुण्ड में शावकों के साथ नजर आई है। यह मिश्रदर्रा से मात्र 500 मीटर दूरी पर है। पूर्व में बाघिन सुल्ताना ने मिश्र दर्रा यानि त्रिनेत्र गणेश मार्ग पर गौमुखी के पास शावकों को जन्म दिया था। इस बार बाघिन ने इसी जगह से थोडी दूर पर जोन एक में बने हम्मीर कुण्ड के पास शावकों को जन्म दिया है।

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