2 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

मेडिकल कॉलेज खोलने को नहीं मिल रहे निवेशक, टेंडर प्रक्रिया भी अधर में अटकी

medical college in mp: मध्य प्रदेश के पन्ना में 100 सीटों वाला मेडिकल कॉलेज पीपीपी मोड में बनाया जाना है, लेकिन निवेशकों की कमी से परियोजना अधर में लटकी है। निविदा की अंतिम तारीख नजदीक, अब तक कोई निवेशक नहीं।

2 min read
Google source verification

पन्ना

image

Akash Dewani

Mar 22, 2025

Investors not found to open Panna medical college in mp

medical college in mp: पन्ना में 100 सीटों वाले मेडिकल कॉलेज की स्थापना पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मोड में की जानी है। प्रशासन ने मेडिकल कॉलेज के लिए जमीन आवंटित कर दी है, लेकिन सरकार को निवेशक नहीं मिल रहे हैं। पहली बार जारी की गई निविदा में कोई भी सामने नहीं आया, जिसके बाद दूसरी बार निविदा जारी की गई। 31 मार्च अंतिम तारीख है, लेकिन अब तक किसी भी निवेशक ने रुचि नहीं दिखाई है। ऐसे में पन्ना में मेडिकल कॉलेज की योजना अधर में लटकी नजर आ रही है।

तीन बार बढ़ाई गई थी निविदा की तारीख

मेडिकल कॉलेज खोलने के लिए निवेशकों में कोई रुचि नहीं दिख रही है। पहली बार जब मेडिकल कॉलेज भवन निर्माण के लिए निविदा जारी की गई थी, तब भी कोई निवेशक सामने नहीं आया। इसके चलते प्रशासन ने निविदा की तारीख तीन बार बढ़ाई, लेकिन फिर भी किसी ने आवेदन नहीं किया। अब दूसरी बार निविदा जारी की गई है, लेकिन अब तक कोई भी इसमें भाग नहीं ले रहा है।

सरकार दे रही रियायतें, फिर भी नहीं मिल रहे निवेशक

PPP मोड के तहत प्रदेश सरकार निजी निवेशकों को कलेक्टर दर पर जमीन उपलब्ध कराएगी। इसके तहत जनवार में मेडिकल कॉलेज भवन के लिए जमीन आवंटित कर दी गई है। निवेशकों को अधिक खर्च न करना पड़े, इसलिए 300 बेड क्षमता वाला जिला अस्पताल भी मेडिकल कॉलेज को दिया जाएगा। इसके बावजूद कोई भी निवेशक पन्ना में मेडिकल कॉलेज खोलने के लिए आगे नहीं आ रहा है।

यह भी पढ़े- एमपी के आदिवासियों ने किया कमाल, 13 साल के अंदर बना डाले 106 तालाब, जानें पूरी कहानी

कॉलेज के संचालन की योजना

PPP मोड के तहत पन्ना में मेडिकल कॉलेज का निर्माण और संचालन पूरी तरह से निजी निवेशक करेंगे। सरकार निवेशक को 99 साल की लीज पर जमीन देगी और 300 बेड का जिला अस्पताल भी उपलब्ध कराया जाएगा। मेडिकल कॉलेज का संचालन, स्टाफ की नियुक्ति, छात्रावास, आवासीय परिसर और मेडिकल उपकरणों की व्यवस्था भी निवेशकों को करनी होगी।

जिला अस्पताल का भी किया गया निरीक्षण

मेडिकल कॉलेज के लिए जमीन आवंटित होने के बाद दिल्ली से आए कंसल्टेंट ने स्थल निरीक्षण किया। उन्होंने न केवल आवंटित जमीन का जायजा लिया, बल्कि जिला अस्पताल की सुविधाओं को भी परखा। कंसल्टेंट ने एक्स-रे यूनिट, पैथोलॉजी, सीटी स्कैन, डायलिसिस यूनिट, ओपीडी, आईपीडी और सर्जरी वार्ड का मुआयना किया। उन्होंने रोजाना आने वाले मरीजों की संख्या और रेफर होने वाले मरीजों का रिकॉर्ड भी देखा।

75% मरीजों को मिलेगा मुफ्त इलाज

PPP मॉडल के तहत संचालित मेडिकल कॉलेज में कुल उपलब्ध बेड में से 75% रोगियों का इलाज निशुल्क किया जाएगा, जबकि 25% बेड पर मरीजों से शुल्क लिया जाएगा। गरीब और आयुष्मान कार्ड धारकों को यहां पूरी तरह से मुफ्त उपचार मिलेगा।

Story Loader