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मुंदियाड़ करंट हादसे को लेकर मानवाधिकार आयोग ने नागौर कलक्टर, एसपी, डिस्कॉम एसई व खींवसर एसडीएम से मांगा जवाब

राज्य मानव अधिकार आयोग ने राजस्थान पत्रिका में प्रकाशित समाचार पर लिया संज्ञान, नीचे गिरे तार से करंट लगने पर तीन लोगों की मौत का मामला

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नागौर. जिले के भावण्डा थाना क्षेत्र के मुंदियाड़ गांव में रविवार को करंट लगने से हुई तीन लोगों की मौत मामले में राजस्थान राज्य मानव अधिकार आयोग, जयपुर ने कलक्टर एवं एसपी सहित पांच अधिकारियों से जवाब मांगा है।

आयोग के अध्यक्ष जस्टिस जी.आर.मूलचन्दानी ने आयोग के निबन्धक को जिला मजिस्ट्रेट नागौर, जिला पुलिस अधीक्षक नागौर, विद्युत वितरण निगम नागौर के अधीक्षण अभियन्ता, खींवसर उपखण्ड अधिकारी एवं डिस्कॉम के प्रवर एवं अवर अभियंता को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं।

गौरतलब है कि नागौर जिले में खींवसर के भावंडा थाने के मुंदियाड़ गांव में रविवार दोपहर में बाइक से खेत पर जा रहे तीन लोगों की जमीन पर गिरे विद्युत तार में प्रवाहित करंट की चपेट में आने से मौत हो गई, जिसमें गांव के पीथाराम, कालूराम देवासी व जेठाराम देवासी की मृत्यु हो गई। घटना का राजस्थान पत्रिका ने समाचार प्रकाशित करते हुए बताया कि इस हादसे में निगम की दोहरी लापरवाही सामने आई है। इस पर आयोग ने संज्ञान लेते हुए कहा कि यह दुःखद है कि एक ही परिवार के 3 सदस्य विद्युत वितरण निगम की उपेक्षा के चलते कालातीत हो गए। घटना मानवीय संवेदनाओं को झकझोरने वाली है, जिसके लिए स्पष्ट रूप से विद्युत वितरण निगम उपेक्षादायी है, यदि नागौर विद्युत वितरण निगम के कर्मचारी एवं अभियन्ता ध्यान से अपने कार्यों को अंजाम देते तो सार्वजनिक मार्ग पर विद्युत प्रवाहित तार नहीं रहते और 3 लोग दुर्घटना के शिकार नहीं होते।

घटना की गंभीरता को देखते हुए आयोग के अध्यक्ष ने नागौर के जिला मजिस्ट्रेट, जिला पुलिस अधीक्षक, डिस्कॉम के अधीक्षण अभियन्ता, खींवसर एसडीएम एवं डिस्कॉम के प्रवर एवं अवर अभियन्ता को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। जिला कलक्टर को निर्देश दिए कि वे तीनों मृतकों के परिवारजन को अविलम्ब नियमानुसार क्षतिपूर्ति राशि दें। सभी अधिकारी इस घटना की तथ्यात्मक रिपोर्ट आयोग को शीघ्र प्रस्तुत करें। आयोग ने 22 अप्रेल को सुनवाई की तिथि तय की है।

गमगीन माहौल में एक साथ उठी तीन अर्थियां

-पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपे शव-मुन्दियाड़ में करंट की चपेट में आने से हुई थी तीन जनों की मौतखींवसर. करंट की चपेट में आने से मरे तीन जनों के शवों का सोमवार को मूण्डवा अस्पताल में पोस्टमार्टम कर परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया। मुन्दियाड़ गांव में जब एक ही परिवार के तीन लोगों की अर्थियां उठी तो माहौल गमगीन माहौल हो गया। तीनों के अंतिम संस्कार तक देवासी समाज के घरों में चूल्हे नहीं जले। मृतक के भाई ने भावण्डा पुलिस थाने में मर्ग दर्ज करवाया है। रविवार को मुन्दियाड़ से कड़लू जा रहे एक ही परिवार के पीथाराम देवासी , कालूराम (38) , जेठाराम (63) की करंट की चपेट में आने से मौत हो गई थी। रात करीब १० बजे तक चले धरने में ग्रामीणों व परिजनों की मांगे मान लिए जाने पर शवों को मूण्डवा अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया। सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपे। भावण्डा थानाधिकारी मानवेन्द्रसिंह भाटी ने बताया कि मृतक कालूराम के भाई गणपतराम ने भावण्डा पुलिस थाने में मर्ग दर्ज करवाया है। परिजनों की रिपोर्ट पर मामले की जांच की जा रही है।

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