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टिकट बंटवारे में नाराजगी: भाजपा और कांग्रेस के कई पूर्व प्रदेश अध्यक्षों को नहीं मिला टिकट

जयपुर। समय के साथ सब कुछ बदल जाता है। इस चुनाव में भाजपा और कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्षों को भी इस बदलाव का सामना करना पड़ रहा है। भाजपा और कांग्रेस ने अब तक टिकटों की कई सूचियां जारी की हैं, लेकिन कई दिग्गजों को अभी भी टिकट नहीं मिला है। इनमें भाजपा के अरुण चतुर्वेदी और अशोक परनामी और कांग्रेस के चन्द्रभान सिंह आक्या जैसे वरिष्ठ नेता शामिल हैं। इन नेताओं ने अपने-अपने दलों के लिए लंबे समय तक काम किया है। वे पार्टी के लिए विधायक और सांसद भी रहे हैं। लेकिन इस बार उन्हें टिकट नहीं मिला है। इस बात से इन नेताओं और उनके समर्थकों में नाराजगी है। वे पार्टी की नीतियों पर सवाल उठा रहे हैं।

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Rajasthan election 2023 :

जयपुर. समय बड़ा बलवान... जी हां यह बात तो सोलह आने सच है। इस चुनाव में भाजपा और कांग्रेस के नेताओं को भी समय के बदलाव से दो-चार होना पड़ रहा है। इसे समय का फेर ही कहेंगे कि कभी पार्टी विधायकी का टिकट बांटने वाले आज खुद टिकट के लिए टकटकी लगाए हैं।

भाजपा चार और कांग्रेस 6 सूचियां जारी कर चुकी हैं, लेकिन कई दिग्ग्जों को टिकट का इंतजार है। खास बात है कि इसमें भाजपा और कांग्रेस दोनों दलों के वरिष्ठ नेता है। भारतीय जनता पार्टी को अभी 16 सीटों पर प्रत्याशियों की घोषणा करनी है। इनमें दो सीटें तो ऐसी हैं, जहां से पूर्व प्रदेश अध्यक्ष लड़ते आ रहे हैं। सिविल लाइंस से अरुण चतुर्वेदी और आदर्श नगर से अशोक परनामी चुनाव लड़ते आ रहे हैं, लेकिन इस बार दोनों ही सीटों पर प्रत्याशियों की घोषणा नहीं हुई है। इसी तरह कांग्रेस में चन्द्रभान को लेकर स्थिति साफ नहीं है।

चतुर्वेदी और परनामी अभी खाली हाथ

अरुण चतुर्वेदी 10 जुलाई 2009 से लेकर 8 फरवरी 2013 तक प्रदेश अध्यक्ष रहे। 2013 में भाजपा सरकार बनी तो पूरे पांच साल कैबिनेट मंत्री रहे। इसी तरह भाजपा के वरिष्ठ नेता अशोक परनामी को भी टिकट का इंतजार करना पड़ रहा है। परनामी जयपुर के महापौर रहे और आदर्श नगर सीट से विधायक बने। परनामी 12 फरवरी 2014 से लेकर 29 जून 2018 तक प्रदेश अध्यक्ष रह चुके हैं। इसी तरह पार्टी ने अभी तक विधानसभा के उपाध्यक्ष रहे राव राजेन्द्र सिंह के टिकट को लेकर भी स्थिति स्पष्ट नहीं की है। राव राजेन्द्र सिंह जयपुर जिले की शाहपुरा सीट से चुनाव लड़ते आ रहे हैं।

कांग्रेस में चार साल अध्यक्ष मगर टिकट पर टकटकी

कांग्रेस की अब तक 6 सूची आ चुकी है, जिसमें लगभग 170 सीटों पर प्रत्याशी घोषित किए जा चुके हैं, लेकिन पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष चन्द्रभान को लेकर स्थिति साफ नहीं हुई है। चन्द्रभान पार्टी के 2010 से लेकर 2014 तक अध्यक्ष रह चुके हैं। परिसीमन से पहले टोंक की टोडारायसिंह सीट और झुंझुनूं जिलेे की मंडावा सीट से विधायक रहे और मंत्री भी बने। मालपुरा सीट से चुनाव लड़ने की चर्चाएं हैं। यहां से पहले भी चुनाव लड़ चुके हैं।

वरिष्ठ नेता मोरदिया टिकट इन वेटिंग

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता 73 वर्षीय परसराम मोरदिया 5 बार के विधायक है और राज्य सरकार में मंत्री रहने के अलावा राजस्थान आवासन मंडल के अध्यक्ष रह चुके हैं। प्रदेश कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष पद पर रहे हैं। धोद विधानसभा सीट से अभी विधायक हैं, लेकिन कांग्रेस की पांच सूची आने के बाद भी वे अब तक टिकट के इंतजार में हैं।