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Good News : रेलवे की नई पहल, उत्तर पश्चिम रेलवे जोन के 6 रूट पर लगेगा कवच, क्या है जानें?

Railway New Initiative : रेलवे की नई पहल। अब ट्रेनों को दुर्घटना से बचाएगा कवच। उत्तर पश्चिम रेलवे जोन में 1585 किलोमीटर रेलमार्ग पर कवच प्रणाली स्थापित होगा। काम शुरू, सबसे पहले छह प्रमुख रूट पर लगेगा यह सिस्टम।

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Indian Railway

What is Kavach : रेलवे की नई पहल। सुरक्षा और संरक्षा को लेकर रेलवे नित नए प्रयोग कर रहा है, ताकि यात्रियों का सफर आरामदायक होनेे के साथ ही सुरक्षित भी हों सके। इस वजह से उत्तर पश्चिम रेलवे जोन में भी अब ट्रेनों को दुर्घटना से बचाने के लिए कवच प्रणाली स्थापित की जा रही है। इसका काम शुरू हो गया है। शुरुआत में यह जोन के प्रमुख छह रेलमार्ग पर लगाया जा रहा है। दरअसल, उत्तर पश्चिम रेलवे जोन में दोहरीकरण, विद्युतीकरण का काम अंतिम फेज में चल रहा है। साथ ही ट्रेक की स्पीड कैपेसिटी भी बढ़ाई जा रही है। ऐसे में ट्रेनों की गति भी बढ़ाई जा रही है। ऐसे में ट्रेनों को दुर्घटना से बचाने के उत्तर पश्चिम रेलवे जोन में 1585 किलोमीटर रेललाइन पर कवच तकनीकी स्थापित की जा रही है। यह टक्कर रोधी तकनीक है। इसके लिए सर्वे का काम पूरा हो चुका है।

अगले माह में इसका काम शुरू हो जाएगा। वर्तमान में इसके लिए टेंडर प्रक्रिया चल रही है। बताया जा रहा है कि इस कार्य पर 463 करोड़ रुपए खर्च होंगे। यह संभवत: दो साल में लैस हो जाएगी। इस कवच सिस्टम को भारतीय रेलवे ने रिसर्च डिजाइन एंड स्टैंडर्ड ऑर्गेनाइजेशन की मदद से तैयार किया है।



1. जयपुर से सवाईमाधोपुर
2. रेवाड़ी से पालनपुर
3. पाली मारवाड़ से जोधपुर
4. फुलेरा से जोधपुर
5. भीलड़ी से समदड़ी
6. चित्तौडगढ़़ से उदयपुर।

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कवच प्रणाली रेलवे का एक ऑटोमेटिक ट्रेन प्रोटेक्शन सिस्टम है। यह कई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस का सेट होता है। ट्रेन हादसा न हों। इसके लिए इसमें रेडियो फ्रिक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन डिवाइसेस को ट्रेन, ट्रेक, रेलवे सिग्नल सिस्टम और हर स्टेशन पर एक किलोमीटर की दूरी पर इंस्टॉल किया जाता है। इस सिस्टम में दूसरे कंपोनेंट्स से अल्ट्रा हाई रेडियो फ्रिक्वेंसी के जरिए जुड़े रहते हैं।



अगर कोई लोको पायलट किसी सिग्नल को जंप करता है तो कवच सिस्टम एक्टिव हो जाता है। कवच सिस्टम के एक्टिव होते ही ट्रेन के पायलट को अलर्ट पहुंचता है। इतना ही नहीं कवच सिस्टम ट्रेन के ब्रेक का कंट्रोल भी ले लेता है। अगर कवच सिस्टम को यह पता चले की ट्रेक पर दूसरी ट्रेन आ रही है तो वह पहली ट्रेन के मूवमेंट को भी रोक देता है। यानी एक ही ट्रेक पर आयी दो ट्रेनों को यह सिस्टम एक निश्चित दूरी पर रोक देगा। जिससे दोनों की बीच टक्कर नहीं होगी।

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