संभागीय आयुक्त कार्यालय खत्म करने की सिफारिश का विरोध-कन्नड़ संगठनों का प्रदर्शन कलबेलगावी
बेलगावी
प्रशासनिक सुधार आयोग की ओर से प्रादेशिक आयुक्त कार्यालय को रद्द कर बेंगलूरु में एक ही राजस्व मंत्रालय स्थापित करने के सिफारिश को राज्य सरकार ने मंजूरी देने का विचार कर रही है। इसके विरोध में कन्नड़ संगठनों ने 16 जुलाई सुबह 11 बजे बेलगावी के प्रादेशिक आयुक्त कार्यालय के सामने प्रदर्शन करने का फैसला लिया है।
शहर के शेट्टी स्ट्रीट स्थित जिला कन्नड़ संगठन क्रिया समिति के कार्यालय में कन्नड़ आंदोलनकारियों ने बैठक कर यह फैसला लिया है।
आयोग की सिफारिश को मंजूरी देने को लेकर राज्य सरकार के विचार करने तथा प्रादेशिक आयुक्त कार्यालय सफेद हाथी बने हुए हैं कहकर राजस्व मंत्री आर अशोक की ओर से दिए गए बयान की बैठक में कड़ी निंदा की गई। कन्नड़ संगठनों ने कहा कि बेंगलूरु के विधानसौधा तथा विकाससौधा स्थित सफेद हाथियों की सूची को मंत्री को जारी करना चाहिए। पूर्व में अस्तित्व में स्थित संभागीय अधिकारियों के कार्यालयों को रद्द किया गया था। बाद में उपजी समस्याओं के चलते प्रादेशिक आयुक्त कार्यालयों को अस्तित्व में लाया गया था। अब फिर से रद्द करना जन विरोधी कार्रवाई है।
क्रिया समिति के अध्यक्ष अशोक चंदरगी ने कहा कि प्रादेशिक आयुक्त को भूमि अधिग्रहण, पुनर्वास, बाढ़ एवं अकाल प्रबंधन, जिला पंचायत अध्यक्ष-उपाध्यक्ष तथा महानगर निगमों के महापौर-उपमहापौर चुनाव प्रबंधन, बांधों से पानी छोडऩे, तालुक तथा जिला स्टरीय अधिकारियों के खिलाफ स्थित मामलों की सुनवाई, सरकारी कर्मचारियों को आवासीय गृहों को बांटने समेत कई अधिकार प्राप्त हैं। कार्यालयों के रद्द होने से आम जनता के बेंगलूरु जाने के हालात पैदा होंगे। राज्य सरकार को ऐसे जन विरोधी फैसले को नहीं लेना चाहिए।
बैठक में कन्नड़ संगठनों के नेता मेहबूब मकानदार, सागर बोरगल्ल, मोइनुद्दीन मकानदार, वीरेंद्र गोबरी, हरीश करिगोन्नवर, आदर्श अनगोल, रजत अंकले, सूरज हुलबत्ते, ओमकार मोले, रोहित पद्मन्नवर, राकेश संगन्नवर, सुशांत पाटील समेत कई उपस्थित थे।