
Health Benefits of Bhumi Amla
नई दिल्ली। Health Tips: आयुर्वेद में हमारी कई बीमारियों के इलाज में तरह-तरह की जड़ीबूटियों की मदद ली जाती है। उन्हीं में से एक आयुर्वेदिक हर्ब है भुई आंवला या भूमि आंवला। आपको ये पतली-पलती आंवले की पत्तियों जैसा पौधा कई घरों में पानी वाली जगह के पास या क्यारियों में मिल जाएगा। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस साधारण से दिखने वाले पौधे के आपके शरीर के लिए कई फायदे हैं। यहां तक कि फाइटोकेमिकल्स युक्त भूमि या भुई आंवला का पारंपरिक चिकित्सा में तो लिवर की बीमारियों का इलाज करने में व्यापक रूप से इस्तेमाल किया जाता था। लेकिन इस पौधे की खूबियां यहीं तक सीमित नहीं है। यह आपकी सेहत से जुड़ी कई अन्य समस्याओं में भी लाभ पहुंचाता है। तो, आइए जानते हैं औषधीय गुणों से भरपूर भुई या भूमि आंवला के कुछ बेहतरीन फायदों के बारे में...
1. लिवर डिसऑर्डर में
लिवर की समस्याओं से निजात पाने के लिए इस पौधे के अच्छे फायदे देखे जा सकते हैं। भूमि आंवला पीलिया में, लिवर में सूजन आने पर अथवा लिवर के सही ढंग से काम न करने पर आदि समस्याओं को ठीक करने में मदद करता है। रसायन तथा पित्त बैलेंसिंग जैसे गुणों के कारण भूमि आंवला ना केवल लिवर से विषाक्त पदार्थों को निकालने में सहायक है, बल्कि उसे पोषण भी प्रदान करता है।
2. चर्म रोग की समस्या में
भूमि या भुई आंवला रक्त शुद्धीकरण के लिए काफी फायदेमंद होता है। इसके अलावा, इसमें मौजूद तीक्ता रस व भूमि आंवला की पित्त बैलेंसिंग प्रकृति के कारण यह आपकी त्वचा संबंधी परेशानियों को ठीक करने में काफी कारगर साबित हो सकता है। इसलिए अगर आप किसी त्वचा संबंधी समस्या से जूझ रहे हैं, तो भूमि आंवला का प्रयोग आपके लिए फायदेमंद होगा। भूमि आंवला रक्तशोधक की तरह कार्य करके आपकी त्वचा को निखार सकता है।
3. पाचन व एसिडिटी की समस्या में
पाचन, एसिडिटी और पेट से जुड़ी अन्य समस्याओं में भी भूमि आंवले के फायदे देखे जा सकते हैं। यह आपकी पाचन प्रक्रिया को बेहतर बेहतर बनाने में मदद करता है। जिससे एसिडिटी की समस्या से भी छुटकारा मिल सकता है। यह लाभ इस पौधे के पित्त बैलेंसिंग गुणों के कारण होता है। भूमि आंवला आपको ठंडक प्रदान करके एसिडिटी जैसी समस्या से मुक्ति दिलाता है।
Updated on:
27 Nov 2021 04:51 pm
Published on:
27 Nov 2021 04:50 pm
बड़ी खबरें
View Allस्वास्थ्य
ट्रेंडिंग
लाइफस्टाइल
Anger Heart Attack Risk: सिर्फ 8 मिनट का गुस्सा बढ़ा सकता है हार्ट अटैक का खतरा! नई स्टडी में खुलासा

