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बैतूल से आएंगे शिव-पार्वती, दिल्ली के कलाकार गाएंगे मंगल गीत

बंगला घाट पर होगा मंगल विवाह

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बैतूल से आएंगे शिव-पार्वती, दिल्ली के कलाकार गाएंगे मंगल गीत

बैतूल से आएंगे शिव-पार्वती, दिल्ली के कलाकार गाएंगे मंगल गीत

विदिशा. महाशिवरात्रि को धूमधाम से मनाने की तैयारियां तेज हो गई हैं। बेतवा के बंगला घाट पर 1 मार्च को शिव-पार्वती का भव्य विवाहोत्सव मनाया जाएगा। इसके लिए प्राचीन शिवलिंग और घाट पर साज सज्जा शुरू हो गई है। उधर विवाहोत्सव को जीवंत बनाने के लिए भोलेनाथ और माता पार्वती की आकर्षक प्रतिमाएं बैतूल से बनकर आ रही हैं। दिल्ली के कलाकारों के मधुर विवाह संगीत और भजनों से महाशिवरात्रि की सांझ शुरू होगी और फिर रात्रि जागरण होगा। विवाहोत्सव की तैयारी में लगे संजू प्रजापति बताते हैं कि इस बार महाशिवरात्रि का तीन दिनी उत्सव मना रहे हैं, विवाह की सभी रस्में बंगला घाट पर ही होंगी। पहले दिन 27 फरवरी को दोपहर 3 बजे से गणेश पूजन, माता पूजन और तेल की रस्म होगी। दूसरे दिनर 28 को मंडप डाला जाएगा, हल्दी और मेंहदी की रस्म के साथ ही महिला संगीत का आयोजन होगा। जबकि 1 मार्च को महाशिवरात्रि के अवसर पर दोपहर 2 बजे से मुखर्जीनगर के मंदिर से महादेव की भव्य बारात गाजे बाजे के साथ निकलेगी जो धूमधाम से बंगलाघाट पहुंंचेगी, यहां बारात आगमन के बाद भोलेनाथ और माता पार्वती की बैतूल से आई प्रतिमाओं को प्रतीक मानकर उनका पाणिग्रहण संस्कार कराया जाएगा, पंचांग पूजन और शिव अभिषेक होगा। इसके पहले महाशिवरात्रि पर ही सुबह 5 बजे से शिव पूजन और सुबह 9 बजे से महादेव का अभिषेक होगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होंगे। 8 मार्च को सत्यनारायण कथा के साथ ही दशमानी उठाकर आयोजन का समापन होगा। इस विवाहोत्सव को धूमधाम से मनाने के लिए पूरी टीम उत्साह से लगी है।
द्वादश ज्योर्तिलिंगों के होंगे दर्शन
आयोजन समिति से जुड़े संजू प्रजापति बताते हैं कि महाशिवरात्रि के अवसर पर बंगला घाट पर शिवलिंग के पीछे विशाल स्क्रीन पर कार्यक्रम की झलकियों के साथ ही नगर के सभी प्रमुख शिवालयों और द्वादश ज्योर्तिलिंगोंं के दर्शन हो सकेंगे। इसके साथ ही अनेक झांकियां, बैठने और पूजन की व्यवस्था भी यहां रहेगी। अभी पूरे घाट और वहां तक पहुंचने के मार्ग को साफ कर व्यवस्थित करने में टीम रात दिन लगी है।