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पेन और मोबाइल बैटरी से राजस्थान के छात्र ने बना दिया ड्रोन, सेना के लिए है बड़ा उपयोगी

राजसमंद जिले के बीए तृतीय वर्ष ( BA 3rd Year ) के छात्र ने जुगाड़ ( Jugaad Technology ) का सहारा लेकर बहुत ही कम कीमत में एक ड्रोन ( Drone ) तैयार किया है। इसमें मार्कर, खराब मोबाइल की बैटरी ( Mobile Battery ) सहित पेन के ढक्कन आदि का प्रयोग किया गया है...

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राजसमंद। राजसमंद जिले के बीए तृतीय वर्ष ( BA 3rd Year ) के छात्र ने जुगाड़ ( Jugaad Technology ) का सहारा लेकर बहुत ही कम कीमत में एक ड्रोन ( Drone ) तैयार किया है। इसमें मार्कर, खराब मोबाइल की बैटरी ( Mobile Battery ) सहित पेन के ढक्कन आदि का प्रयोग किया गया है। इसकी क्षमता करीब एक किमी है, यह ड्रोन एक किलो का वजन लेकर उड़ सकता है तथा आवश्यकता पडऩे पर यह वजन को गिरा भी सकता है, जिससे इसका उपयोग सेना ( Indian Army ) और बाढ़ ( Flood ) के दौरान राहत सामग्री पहुंचाने में भी किया जा सकता है।

ड्रोन की लागत करीब 20 हजार ( Drone Price )
एसआरके कॉलेज से बीए कर रहे सुभाष पुत्र भगवतीलाल कुमावत ने जुगाड़ का उपयोग कर एक ड्रोन बनाया है। इस ड्रोन की लागत करीब 20 हजार रुपए है। इसका जीपीएस का स्टैंड मार्कर पेन से बनाया है, फ्लाइट कंट्रोल को एक गत्ते के बाक्स से तैयार किया, इसमें लगी एलईडी को जलाने के लिए मोबाइल की बैटरी का इस्तेमाल किया गया है। कुमावत ने बताया कि बाजार में एक साधारण ड्रोन 1 लाख 20 हजार से शुरू होते हैं, जबकि जुगाड़ से बनाया गया ड्रोन महज 20 हजार में तैयार हुआ है।

गिरा सकता है राहत सामग्री
बाजार में मिलने वाले आम ड्रोन का उपयोग सिर्फ फोटोग्राफी के लिए किया जाता है। कुमावत का दावा है कि यह ड्रोन एक किमी तक एक किलो वजन लेकर जा सकता है इसमें वजन को हवा में ही गिराने का सिस्टम लगाया गया है, जिससे वह सेना और आपात स्थित में राहत सामग्री पहुंचाने का काम भी कर सकता है।

राज्य स्तर तक हो चुका है सम्मान
सुभाष के पिता भगवतीलाल ने बताया कि उसका शुरू से ही रूझान नई चीजें बनाने में रहा है। विज्ञान प्रदर्शनी के दौरान वह कईबार सम्मानित किया जा चुका है। एकबार विज्ञान प्रदर्शनी के दौरान राज्य स्तर पर उसे बम निरोधी रोबोट बनाने के लिए सम्मानित भी किया गया था।