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एक्ट्रेस मीनाक्षी शेषाद्री के भाई पहुंचे रायपुर, जानिए बॉलीवुड कनेक्शन पर क्या बोले

निम्हास बैंगलुरु के प्रोफेसर शेखर पी. शेषाद्री ने यूथ को किया अवेयर

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एक्ट्रेस मीनाक्षी शेषाद्री के भाई पहुंचे रायपुर, जानिए बॉलीवुड कनेक्शन पर क्या बोले

ताबीर हुसैन @ रायपुर. हीरो में जैकी श्राफ के साथ अपनी अदकारी के सुर्खियां बटोरी चुकी मीनाक्षी शेषाद्री ने अपने कॅरियर में कई हिट फिल्में दी हैं। उनके भाई निम्हास बैंगलुरु के प्रोफेसर शेखर पी. शेषाद्री रायपुर पहुंचे। हमने उनसे पूछा कि आपकी सिस्टर फिल्म अभिनेत्री रहीं हैं, क्या आपको कभी ऐसा नहीं लगा कि बॉलीवुड कनेक्शन का बेनिफिट उठाया जाए? इस पर प्रो. शेखर ने कहा कि मेरा जो क्षेत्र है मैं उससे खुश हूं। हर किसी का अपना कार्यक्षेत्र होता है, अपनी रुचि होती है। मैंने कभी बॉलीवुड में जाने की नहीं सोची। क्या ग्लैमर आपको कभी अट्रेक्ट नहीं किया? इस सवाल पर उन्होंने कहा कि ग्लैमर कभी स्थायी नहीं होता। जरूरी नहीं कि हर व्यक्ति हमेशा ग्लैमराइज रहे। मालूम हो कि प्रो. शेखर पं. रविशंकर यूनिवर्सिटी में इंटरनेट एडिक्शन पर आधारित एक अवेयरनेस प्रोग्राम में प्रमुख वक्ता के तौर पर शामिल हुए।

बच्चों में मोबाइल एडिक्शन के लिए पैरेंट्स जिम्मेदार

प्रो. शेखर ने यूथ से कहा कि कभी एेसा होता है जब आप कॉलेज जा रहे हों और मोबाइल घर में छूट जाए। जैसे ही आपको याद आए भले क्लास मिस हो जाए लेकिन आप फौरन गाड़ी घुमाकर घर लौट जाएंगे। यही बेचैनी है। आपको लगता है कि बिना मोबाइल के दिन कैसे निकलेगा। बच्चों में मोबाइल की लत के लिए पैरेंट्स ही जिम्मेदार हैं। बच्चा परेशान न करे यह सोचकर उसे मोबाइल थमा देते हैं और जब उसे लत लग जाती है तो फिक्रमंद हो जाते हैं। ऐसा नहीं है कि बच्चे ही आदी हो रहे हैं, बड़ों का भी यही हाल है। उन्हें चाहिए कि हफ्ते में एक दिन और रोजाना एक घंटे का मोबाइल उपवास रखें।

IMAGE CREDIT: Trilochan Manikpuri

काउंसिलिंग जरूरी
प्रो. शेषाद्री कहते हैं कि इंटरनेट नहीं है बल्कि तनाव समस्या है। वर्चुअल लाइफ में खोए रहने के पीछे की भावना को समझना होगा। इसके लिए दो से तीन स्तर की काउंसिलिंग होती है। नेट के यूज से हम अपनी क्रिएटिविटी खो रहे हैं। इमेजिनेशन और आर्ट से किनारा कर रहे हैं।

और इधर, टिकटॉक शुरू
इंस्टीट्यूट ऑफ फॉर्मेसी के एमएल श्राफ हॉल में इंटरनेट एडिक्शन पर सेमिनार सुनकर स्टूडेंट बाहर निकले और टिकटॉक एप से रिकॉर्डिंग करते नजर आए। पूछे जाने पर छात्रों ने कहा कि हम इसके आदी नहीं हैं लेकिन एंटरटेनमेंट भी जरूरी है।

IMAGE CREDIT: Tabir Hussain