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संगठन को मजबूती देने में जुटी कांग्रेस, जिलाध्यक्ष तय करेंगे किसे दिया जाए टिकट, राहुल गांधी ने सपा से गठबंधन पर मांगे फीडबैक

UP Congress: कांग्रेस अपने संगठन को मजबूत करने के लिए कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी को बढ़ाने वाली है। दिल्ली के इंदिरा भवन में राहुल गांधी ने संगठन की मजबूती को लेकर अहम बातें बताईं। आइये बताते हैं राहुल गांधी ने क्या कहा ? 

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लखनऊ

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Nishant Kumar

Apr 05, 2025

Congress
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Rahul Gandhi

Congress Committee News: कांग्रेस पार्टी अपने संगठन को मजबूत करने के लिए एक ठोस रणनीति (ब्लू प्रिंट) तैयार कर रही है। इसी सिलसिले में 4 अप्रैल 2025 (शुक्रवार) को पार्टी मुख्यालय में कांग्रेस के 134 शहर और ग्रामीण जिलाध्यक्षों के साथ अन्य राज्यों के जिलाध्यक्षों की अहम बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी भी मौजूद रहे। बैठक के दौरान संगठनात्मक मजबूती को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।

राहुल गांधी ने क्या कहा ?

"अब जिलाध्यक्ष केवल अपने कार्य तक सीमित नहीं रहेंगे। उन्हें बड़े नेताओं की भी मॉनिटरिंग करनी होगी- कौन कितनी बैठक में आ रहा है, कितने कार्यक्रमों में शामिल हो रहा है, सबकी रिपोर्ट ली जाएगी।"

जिलाध्यक्षों को मिलेगी अहम जिम्मेदारी 

पार्टी अब टिकट वितरण की प्रक्रिया में बड़ा बदलाव करने जा रही है। इसके तहत जिला कांग्रेस कमेटी (DCC) को अधिक अधिकार देने की योजना बनाई गई है। भविष्य में टिकट वितरण में जिलाध्यक्षों की भूमिका निर्णायक होगी और उनके दायित्वों को स्पष्ट रूप से निर्धारित किया जाएगा।

जिलाध्यक्षों ने रखी अपनी बात 

बैठक में कांग्रेस नेतृत्व ने प्रत्येक प्रदेश से दो जिलाध्यक्षों को अपनी बात रखने का अवसर दिया। राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे ने स्वयं उनके सवालों का जवाब दिया और सभी सुझावों को गंभीरता से नोट किया। संगठन को जिला स्तर पर मजबूत बनाने को लेकर कई प्रभावशाली और व्यावहारिक सुझाव सामने आए।

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जिला कांग्रेस कमेटी को मिलेगी ये जिम्मेदारी 

सपा से गठबंधन पर मांगे फीडबैक

बैठक के दौरान जिलाध्यक्षों से समाजवादी पार्टी (सपा) के साथ गठबंधन के लाभ और हानि पर सुझाव मांगे गए। साथ ही उन्हें 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियां अभी से शुरू करने का आह्वान किया गया। जिलाध्यक्षों ने अपनी बात रखते हुए कहा कि पूर्व विधायक और पदाधिकारियों का संगठनात्मक कार्यों में अत्यधिक हस्तक्षेप होता है, जिससे संगठन स्वतंत्र रूप से कार्य नहीं कर पाता। इस पर राहुल गांधी ने आश्वासन दिया कि इस विषय पर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) द्वारा निगरानी की व्यवस्था की जाएगी।