नांता क्षेत्र में गुरुवार देर रात एक बार फिर पैंथर दिखाई देने के बाद क्षेत्र में दहशत फैल गई। लोगों में पैंथर का डर बैठ गया। इसके चलते नांता महल में चलने वाले स्कूल की शुक्रवार को छुट्टी कर दी गई। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने पैंथर को महल परिसर में तलाश किया लेकिन पैंथर दिखाई नहीं दिया। टीम को पैंथर होने के सबूत मिल गए। इससे पुख्ता हो गया की पैंथर का क्षेत्र में मूवमेंट है। दिन भर नांता महल के आसपास लोगों की भीड़ जमा रही।
विभाग के सहायक वन संरक्षक अनुराग भटनागर ने बताया कि पैंथर को पकडऩे के लिए तीन कैमरे व तीन पिंजरे लगाए हैं। ड्रोन कैमरे से भी नांता महल के लम्बे चौड़े भूभाग में तलाश किया। तलाशी अभियान के दौरान डॉ. विलासराव, अभेड़ा बायोलॉजिकल पार्क के प्रभारी बुधराम जाट, सुलेन्दर सैनी, कमल प्रजापति, मंडल वन के धर्मेन्द्र चौधरी, रामस्वरूप समेत अन्य वनकर्मी मौजूद रहे। इस दौरान भीड़ जमा रही। पैंथर के डर के चलते महल में संचालित स्कूल का ताला भी नहीं खोला गया।