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रामनवमी के शोभायात्रा पर फेका जूता, धक्का-मुक्की कर हिरासत में लिए दो युवक को छुड़ा लिए, देखें वीडियो 

Kanpur News: कानपुर में रामनवमी के दिन रावतपुर में माहौल गर्म हो गया। शोभायात्रा में पुलिस पर जूता फेका गया। इस बात पर पब्लिक और पुलिस के बीच झड़प हो गई। आइए बताते हैं क्या है पूरा मामला ? 

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Kanpur Ram NavamiProcession News: कानपुर के रावतपुर में रामनवमी के मौके पर रामलला मंदिर से निकली शोभायात्रा के दौरान ब्रह्मदेव चौराहे पर भारी हंगामा हो गया। शोभायात्रा में शामिल श्रद्धालुओं और पुलिस के बीच तीखी बहस शुरू हो गई, जो जल्द ही झड़प में बदल गई। इसी दौरान किसी ने पुलिस पर जूता फेंक दिया, जिससे माहौल और अधिक तनावपूर्ण हो गया।

भीड़ ने छुड़ा लिए युवक 

बढ़ते विवाद के बीच कुछ युवकों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। पुलिस ने दो युवकों को हिरासत में लिया, लेकिन गुस्साई भीड़ ने बलपूर्वक उन्हें छुड़ा लिया। दरअसल, शनिवार रात को साउंड सिस्टम को लेकर रावतपुर में विवाद हुआ था। पुलिस ने रात में ही साउंड सिस्टम जब्त कर दिया था। इस कार्रवाई के विरोध में कई रामलीला समितियों ने रविवार को शोभायात्रा न निकालने का ऐलान किया था। बावजूद इसके, दोपहर बाद रामलला मंदिर से शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें कुछ समितियां और शामिल हो गईं।

भीड कम रही  

हर साल की तरह इस बार मसवानपुर, विनायकपुर, काकादेव का राम जानकी मंदिर, छपेड़ा पुलिया और ब्रह्मदेव चौराहे की करीब 70-80 झांकियां शोभायात्रा में हिस्सा नहीं ले रहीं। इस बार सिर्फ रामलला मंदिर और गरुड़ सेना की झांकी शामिल हुई है, जिसके चलते भीड़ भी काफी कम रही।

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हाई अलर्ट पर पुलिस 

स्थिति को देखते हुए इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। इंटेलिजेंस विभाग को अलर्ट पर रखा गया है और मिश्रित आबादी वाले क्षेत्रों में ड्रोन से निगरानी की जा रही है। भगवान परशुराम महासभा ने भी इस घटना पर नाराजगी जताई है। महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष भूपेश अवस्थी ने आरोप लगाया कि पुलिस ने छपेड़ा पुलिया, रावतपुर, मसवानपुर और रोशननगर से निकलने वाली समितियों के वाद्य यंत्र जब्त कर लिए हैं, जिससे लोगों में भारी आक्रोश है। उन्होंने कहा कि यह हिंदू आस्थाओं पर चोट है और प्रशासन को शोभायात्रा को सुचारू रूप से निकालने की कोशिश करनी चाहिए थी, न कि उसे रोकने का प्रयास।