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जयपुर में ब्राह्मण महासंगम, 50 हजार महिलाओं को जोड़ने के लिए पहुंच रहे घर-घर

Brahmin Mahasangam: राजधानी जयपुर में 3 सितंबर को ब्राह्मण महासंगम होगा। रामनिवास बाग के अल्बर्ट हॉल पर होने वाले इस आयोजन की तैयारियां तेज हो गई है। प्रदेशभर में जनसंपर्क के दौरान महासंगम के लिए समर्थन जुटाया जा रहा है।

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जयपुर में ब्राह्मण महासंगम, 50 हजार महिलाओं को जोड़ने के लिए पहुंच रहे घर-घर

जयपुर में ब्राह्मण महासंगम, 50 हजार महिलाओं को जोड़ने के लिए पहुंच रहे घर-घर

जयपुर। राजधानी जयपुर में 3 सितंबर को ब्राह्मण महासंगम होगा। रामनिवास बाग के अल्बर्ट हॉल पर होने वाले इस आयोजन की तैयारियां तेज हो गई है। प्रदेशभर में जनसंपर्क के दौरान महासंगम के लिए समर्थन जुटाया जा रहा है। इस आयोजन में प्रदेशभर से 50 हजार से अधिक महिलाएं भी शामिल होंगी। इसके लिए महिलाओं की ओर से आज से गांव, ढाणी स्तर पर सम्पर्क अभियान शुरू किया गया। इस अभियान की शुरुआत गंगापुर सिटी से हो रही है, जिसमें घर-घर जाकर सम्पर्क किया जाएगा।

ब्राह्मण महासंगम के लिए बनीपार्क स्थित खण्डाका हाउस में एक दिन पहले शनिवार को सर्व ब्राह्मण महासभा महिला प्रकोष्ठ ने फरसे के साथ शपथ ली। ब्राह्मण महासंगम में 50 हजार से अधिक महिलाओं को जुटाने के लिए महिलाओं की ओर से तहसील में गांव, ढाणी स्तर पर सम्पर्क अभियान चला रही है। सर्व ब्राह्मण महासभा महिला प्रकोष्ठ की राष्ट्रीय महामंत्री सविता शर्मा ने बताया कि पहली बार पूरे प्रदेश से महिलाओं को इस कार्यक्रम में बुलाया जा रहा है। महासभा की महिला पदाधिकारियों ने एक सामूहिक निर्णय लिया है कि प्रत्येक घर से महिलायें निकले और अपनी भागीदारी इस कार्यक्रम में सुनिश्चित करें। इसके लिए सभी महिलाएं एक ही रंग की साडी में आएगी। इसके अतिरिक्त 11 हजार महिलाएं ताडकेश्वर मंदिर से कलश यात्रा लेकर आएगी। इस समारोह के लिए ब्राह्मण महिलाओं के अलग—अलग जिला प्रभारी एवं विधानसभा प्रभारी बनाये जा रहे हैं।

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ब्राह्मण महासंगम का मुख्य उद्देश्य
सर्व ब्राह्मण महासभा के अध्यक्ष पं. सुरेश मिश्रा ने बताया कि ब्राह्मण महासंगम का मुख्य उद्देश्य 14 प्रतिशत आरक्षण देने की मांग, भगवान परशुराम विश्वविद्यालय की स्थापना, भगवान परशुराम जी की 111 फीट प्रतिमा की स्थापना, प्रत्येक जिले में गुरुकुल की स्थापना, ईडब्ल्यूएस आरक्षण में हो रही विसंगतियों को दूर करना, ब्राह्मण आरक्षण आंदोलन के समय लगाये गये मुकदमों को वापिस लेना, ब्राह्मण बालिकाओं के लिये छात्रावास की स्थापना सहित अन्य प्रस्ताव लिए जाएंगे।