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जयपुर
राजस्थान में रहकर पाकिस्तान के लिए जासूसी करने और देश की सुरक्षा बंदोबस्त की जानकारियां देने के मामले लगातार बढ़ रहे हैंे। कभी हनी ट्रेप में फंसाकर पाकिस्तानी हसीनाएं ये काम करा रही हैं तो कभी चंद रुपयों के लिए इमान बेचने वालों की जानकारियां भारतीय सुरक्षा एजेंसियों तक पहुंची रही है। इसी तरह के दो केस फिर से सामने आए हैं। पहला केस अजमेर के नसीराबाद से है आॅर दूसरा जोधपुर शहर से। एक मामले की जांच इंटेलीजेंस राजस्थान तो दूसरे की जांच एनआईए के अफसर कर रहे हैं।
तीन दिन पहले उठाया था इंटेलीजेंस ने, पूछताछ में कई बड़े खुलासे
पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी को भारतीय सेनाओं की गोपनीय जानकारियां देने के मामले मे अजमेर के किशनगढ़ से गिरफ्तार किए गए मोहम्मन युनुस से पूछताछ जारी है। युनुस के बारे में इंटेलीजेंस को इनपुट मिला था कि वह गलत तरीकों से महत्वपूर्ण सूचनाओं को लीक कर रहा है। उस पर नजर रखी गई और बाद में उसे उठा लिया गया। इंटेलीजेंस अफसरों ने बताया कि आरोपी मूलतः देशवाली मोहल्ला पुराना बाजार किशनगढ़ का रहने वाला है और राजकीय चिकित्सालय किशनगढ़ में पार्किंग स्टैंड पर काम करता है। इंटेलिजेंस की पड़ताल में यह तथ्य सामने आए हैं कि आरोपी मोहम्मद यूनुस काफी लंबे समय से पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के संपर्क में था। आरोपी ने पाक हैंडलिंग अफसरों को भारतीय मोबाइल नंबरों से व्हाट्सएप संचालन के लिए फर्जी सिम कार्ड जारी करवाकर व्हाट्सएप ओटीपी उपलब्ध करवाए।
इसके साथ ही आरोपी ने पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी को नसीराबाद स्थित आर्मी कैंप की संवेदनशील गोपनीय सूचनाएं व्हाट्सएप चैट, वॉइस कॉल और वीडियो कॉल के जरिए उपलब्ध करवाई। इसकी एवज में पाक हैंडलिंग अफसरों से आरोपी को धनराशि प्रदान की जा रही थी। आरोपी का फोन सीज कर दिया गया है। आरोपी ने पाक हैंडलिंग अफसरों से धनराशि किस माध्यम से प्राप्त की है उसके संबंध में जांच जारी है।
कथित पत्रकार के घर एनआईए का छापा, पुलिस ने मकान घेरा
उधर जोधपुर से भी बड़ी घटना सामने आई है। जोधपुर में सवेरे सवेरे रातानाड़ा पुलिस ने पुरानी लोको क्षेत्र में एक मकान को घेर लिया। कुछ देर में एनआईए की टीम वहां आ पहुंची और मकान में रह रहे लोगों से घंटों पूछताछ करती रही। बताया जा रहा है कि मकान एक कथित पत्रकार का है। एनआईए के अफसरों ने इस बारे मंे मीडिया से बातचीत नहीं की। लेकिन स्थानीय पुलिस का मानना था कि किसी पुराने मामले में पत्रकार से पूछताछ की जा रही है। पूछताछ का यह सिलसिला कई घंटों तक चला। एनआईए के अफसरों के पास फाइलों में कुछ दस्तावेज थे। बताया जा रहा है कि पाकिस्तान से संपर्क रखने वाले कुछ लोगों को पिछले दिनों दबोचा गया था और उनसे पूछताछ के बाद पत्रकार तक एनआईए पहुंची है।
Published on:
19 Feb 2022 11:36 am
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