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पति को ‘कायर’ कहना भी बन सकता है तलाक का आधार : कोलकाता हाई कोर्ट

महिला का पति पर माता-पिता से अलग रहने का दबाव बनाना भी अनुचित

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जयपुर

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Aryan Sharma

Apr 10, 2023

पति को कायर कहना तलाक का आधार : हाईकोर्ट

पति को कायर कहना तलाक का आधार : हाईकोर्ट

कोलकाता. पत्नी का अपने पति को कायर (Coward) या बेरोजगार (Unemployed) कहना मानसिक क्रूरता है। यह तलाक का मजबूत आधार हो सकता है। कलकत्ता हाईकोर्ट ने एक फैसले में यह टिप्पणी की। कोर्ट ने यह भी कहा कि अगर महिला पति पर उसके माता-पिता से अलग रहने का दबाव बनाती है तो यह भी तलाक का आधार होगा।

जस्टिस सौमेन सेन और जस्टिस उदय कुमार की पीठ ने कहा कि भारतीय परिवार में बेटे का शादी के बाद अपने माता-पिता के साथ रहना आम है। अगर उसकी पत्नी उसे उसके माता-पिता से अलग करने का प्रयास करती है तो उसके लिए कोई न्यायोचित कारण होना चाहिए।

पीठ ने कहा, भारतीय संस्कृति माता-पिता के भरण-पोषण के लिए पुत्र के दायित्व की अवधारणा का पोषण करती है। अगर कोई महिला पति को समाज की सामान्य प्रथा से विचलित करने का प्रयास करती है तो उसके पास उचित कारण होने चाहिए। पत्नी के कहने पर माता-पिता से अलग हो जाना भारत में आम बात नहीं है।

पीठ पश्चिम मिदनापुर की फैमिली कोर्ट के 25 मई, 2009 के उस आदेश को चुनौती देने वाली पत्नी की याचिका पर सुनवाई कर रही थी, जिसमें पति को पत्नी की क्रूरता के आधार पर तलाक का आदेश दिया गया था।


पीठ ने कहा कि मामले में घरेलू मुद्दों पर अहंकार के टकराव और वित्तीय आवश्यकताओं की पूर्ति से संबंधित समस्याओं के उदाहरणों के अलावा पत्नी के लिए पति को अलग होने के लिए कहने का कोई उचित कारण नहीं था। इस मामले में पत्नी की प्रताड़ना और उलाहना से तंग आकर पति माता-पिता को छोड़कर किराए के मकान में चला गया था।