
5 ways to get rid of forgetfulness
आज कल बेहद कम उम्र में लोगों की यादास्त कमजोर होने लगी है,इसके पीछे कई वजह हो सकते हैंI परंतु एक महत्वपूर्ण बात यह है कि जिस तरह हम अपने शरीर के लिए एक्सरसाइज /जिम करते हैं I क्या हम अपने ब्रेन को मजबूत करने के लिए कुछ करते हैं ? इस पोस्ट में कुछ टिप्स बताता हूं जिससे आपका ब्रेन हमेशा एक्टिव और मजबूत रहेगा और साथ ही वैसे ही आदतों को देखेंगे जो हमारे ब्रायन को डैमेज करता है I
इन तरीकों से होता है दिमाग तेज और मजबूत
1.गणित में बढ़ाएं रुचि
गणित विषय में रुचि रखने वाले बच्चों का दिमाग तेज होता है। ऐसे में रोजाना उसकी प्रैक्टिस उनके दिमाग को तेज करने में मदद करता है। इसलिए जिन लोगों की गणित में रुचि होती है, उन्हें और लोगों की तुलना में तेज माना जाता है। यही नहीं कई ऐसे गेम भी हैं, जिनकी मदद से आप बच्चों में गणित के प्रति रुचि पैदा कर सकते हैं।
2.कला से जुड़ें
बेहद जरूरी है कि कला के प्रति रूझान रखें। इससे दिमाग विकसित होगा और नई चीजों को सीखने में मदद करेगा। जो लोग कला में रुचि रखते हैं वह चीजों को अलग-अलग तरीके से सोचते हैं। आप चाहे तो संगीत, डांस पेटिंग या फिर किसी भी तरह के कला में थोड़ा समय दें। इस तरह आप अपने दिमाग को फ्रेश रख सकेंगे।
3.क्रॉसवर्ड पज़ल सुलझाना (Crossword or Puzzle )
हम सबने बचपन में पहेलियां तो ज़रूर सुलझाई होंगी। ये पहेलियां आपकी बुद्धि को तेज़ बनाती हैं। क्रॉसवर्ड पज़ल्स एक लोकप्रिय गतिविधि है, जो दिमाग से कसरत कराती है। कुछ शोधों से पता चलता है कि क्रॉसवर्ड पहेली प्रीक्लिनिकल डिमेंशिया से पीड़ित व्यक्ति की याददाश्त की दशा खराब होने से रोक सकती है।
4.विज़ुअलाइज़ेशन (Visualization)
विज़ुअलाइज़ेशन में दिमाग मिली हुई जानकारी के आधार पर कल्पना करता है।आप अपने दैनिक जीवन में विज़ुअलाइज़ेशन की आसानी से प्रैक्टिस कर सकती हैं।
उदाहरण के लिए, खाना पकाने से पहले, कल्पना कर सकती हैं कि आप क्या पकाने जा रही हैं और डिश तैयार करने के लिए किन सामग्रियों की आवश्यकता है, वह बनने के बाद कैसा दिखना चाहिए और उसका स्वाद कैसा होगा।
आप रात को सोते समय सुबह से अपने हर रूटिंग को विजुलाइज करें की सुबह से शाम तक आपने क्या किया है यह आपकी मेमोरी को भी बढ़ाएगी
5. सही खानपान ,योग ,मेडिटेशन और नियमित रूप से एक्सरसाइज
डिसक्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।
Published on:
29 Nov 2023 05:05 pm
बड़ी खबरें
View Allस्वास्थ्य
ट्रेंडिंग
लाइफस्टाइल
