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“अनर्गल बयानबाजी करने वाले सुधार जाएं नही तो ईंट का जबाब पत्थर से”

राज्यसभा सांसद नरेश अग्रवाल के प्रति अनर्गल बयान दिए तो ईट से ईट बजा देंगे और फ़िर भी न माने तो जवाब पत्थर से दिया जाएगा ।

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हरदोई. नगरपालिका पूर्व अध्यक्ष राम प्रकाश शुक्ला और नगर पालिका अध्यक्ष सुख सागर मधुर ने प्रेस वार्ता करते हुए कहा पूर्व राज्यसभा सांसद नरेश अग्रवाल के प्रति अनर्गल बयान दिए तो ईट से ईट बजा देंगे और फ़िर भी न माने तो जवाब पत्थर से दिया जाएगा । राम प्रकाश शुक्ल ने कहा कि जिस पार्टी कार्यालय में बैठकर सपा के प्रवक्ता वार्ता करते है उस कार्यालय के निर्माण सुंदरीकरण पूर्व सांसद नरेश अग्रवाल के द्वारा कराया गया था उस पर लाखों रुपया किराया बाकी था जिसे जमा कराया गया । कहा कि मतभेद पार्टी व नेताओं के बीच होते हैं लेकिन मर्यादा ना तोड़े अपनी हद में रहे सपा के लोग । कहा कि नरेश अगवाल राष्ट्रीय नेता है राज्यसभा कार्यकाल के दौरान राज्यसभा संसद में उन्होंने समाजवादी पार्टी की पैरवी बहुत मजबूती के साथ की है।

समाजवादी पार्टी को बचाने एवं साइकिल चुनाव चिन्ह दिलाने में एड़ी से चोटी तक जोर लगा दिया है। अगर नरेश अग्रवाल ना होते तो सपा का नामो निशान मिट जाता। इतना सब करने के बाद समाजवादी पार्टी ने राज्यसभा का टिकट काट दिया। यह समाजवादी पार्टी के नेताओं की गद्दारी नहीं तो क्या है? पीठ में छुरा तो अखिलेश यादव पर समाजवादी पार्टी ने मारा है। अखिलेश यादव जो अपने पिता के नहीं हुए तो किसी और के क्या होंगे अगर समाजवादी पार्टी नेता व कार्यकर्ताओं ने कोई कदम उठाया तो परिणाम भयंकर होंगे नरेश अग्रवाल को नसीहत देने वाले अपनी औकात में रहे प्रवक्ता के पद पर पहुंचने का मतलब यह नहीं कि राष्ट्रीय नेता हो गए हैं। सीमा और मर्यादाओं का उल्लंघन ना करें। प्रेस वार्ता के दौरान अमित बाजपेई, अमित त्रिवेदी रानू, अंकित अवस्थी आदि भी मौजूद रहे ।


समाजवादी पार्टी के सिम्बल से नगर पालिका अध्यक्ष का चुनाव जीतकर आये और हाल ही भाजपा में शामिल हुए सुख सागर मिश्रा मधुर ने आज सपा प्रवक्ता जीतू वर्मा के बयान की कड़ी निंदा की जिसमें उन्होंने पूर्व राज्यसभा सदस्य नरेश अग्रवाल की आलोचना की थी। उन्होंने कहा कि सपाई एहसान फरामोश हैं अगर नरेश जी ने उनकी मदद ना की होती तो ना तो सपा के पास साईकल का सिंबल होता और ना ही अखिलेश यादव राष्ट्रीय अध्यक्ष होते। उन्होंने कहा कि सपाई अपनी औकात में रहे और अनर्गल बयान ना दें, नहीं तो ईट का जवाब पत्थर से देने में हम सक्षम हैं।