
CG News: छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में केन्द्रीय योजना के तहत जिले में वर्ष-2021 से जल जीवन मिशन का काम शुरू हुआ। मार्च-2025 तक काम पूरा करने का टारगेट ठेकेदारों को दिया गया। काम में शुरू से लेकर अब तक लापरवाही और लेटलतीफी भारी पड़ी। यही वजह है कि जिले में यह काम तय तिथि तक नहीं हो सका। अब इस योजना की डेडलाइन मार्च- 2028 तक बढ़ा दी गई है। ऐसे में कहा जा सकता है कि धमतरी जिले में जलजीवन नहीं बल्कि ठेकेदारों का मिशन चल रहा है।
जल जीवन मिशन के अंतर्गत जिले के 370 ग्राम पंचायतों में घर-घर तक पेयजल सप्लाई करनी है। प्रोजेक्ट की लागत 550 करोड़ रूपए है। योजना के अनुसार जिले के 370 ग्राम पंचायतों के 623 गांवों तक पाइप लाइन का विस्तार करना है। सैकड़ों पानी टंकी बनानी है। अब तक सिर्फ 302 गांवों में ही नल कनेक्शन का काम पूरा हुआ है। इनमें से भी अनेक घरों तक पानी नहीं पहुंच रहा।
स्वीकृत योजनाओं का नाम स्वीकृत योजनाओं की संया प्रगतिरत पूर्ण रेट्रोफिटिंग नलजल प्रदाय योजना 260 128 132 सिंगल विलेज नलजल प्रदाय योजना 378 284 94 (173 सोलर पंप योजना के अंदर स्वीकृत) सोलर आधारित नल प्रदाय योजना 80 0 80 (62 सोलर पंप योजना के अंदर स्वीकृत)समूह जल प्रदाय योजना (सांकरा-40,घटुला 36 ग्राम) 2 2 0 योग - 720 414 306
नगरी क्षेत्र के ग्राम पंचायत रानीगांव में दो साल से जल जीवन मिशन के तहत कार्य चल रहा है। पानी टंकी निर्माण कार्य आज भी अधूरा है। सीढ़िया टूट रही है। पाइप लाइन का भी अधूरा विस्तार किया गया है। इससे जल जीवन मिशन के कार्यों पर सवाल उठ रहा है। इसी तरह अति संवेदनशील घोरागांव में भी पाइप लाइन बिछाने के लिए तय मापदंड का पालन नहीं किया गया है। यहां जगह-जगह मुय पाइप लाइन खुली पड़ी हुई है। कमार बाहुल्य ग्राम बोईरगांव व संदबहारा में गली को खोदकर पाइप लाइन बिछा दी गई है।
इससे ग्रामीणों को जल जीवन मिशन योजना का लाभ नहीं मिल रहा है। ग्राम पंचायत सांकरा सहित वनांचल के दर्जनों गांव ऐसे है जहां पाइप लाइन विस्तार के बाद टेपनल कनेक्शन लग चुका है। पानी भी आ रहा, लेकिन टोटियां नहीं लगाई गई। टेपनलों से व्यर्थ में पानी बह रहा है। जबकि कनेक्शन में टोटी लगाना अनिवार्य है। डुबान क्षेत्र में पत्रिका की टीम पहुंची तो यहां के निवासी अधिकारियों को कोसते मिले।
टीम ने देखा कि डांगीमाचा, खिरकीटोला, विश्रामपुरी में घरों तक पाइप बिछाकर टोटी तो लगा दी गई, लेकिन पानी नहीं आ रहा। पाइप लाइन खुली पड़ी है। विश्रामपुर स्कूल चौक के पास स्थित हैंडपंप से लालपानी निकल रहा है। पेयजल के लिए गांव के लोगों को भटकना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि गर्मी भी शुरू हो गई। इधर अधिकारी जांच-पड़ताल में भी नहीं पहुंच रहे।
जेजेएम के तहत जिले के 302 ग्राम पंचायतों में टेपनल कनेक्शन का सर्टिफिकेशन हो चुका है। अन्य जगहों पर कार्य प्रगतिरत है। ठेकेदारों को भी समय पर काम करने हिदायत दी गई है। आशा गुप्ता, ईई पीएचई
विश्रामपुर के रमला बाई ध्रुव ने कहा की विश्रामपुर में खुली पड़ी है पाइप। जल जीवन मिशन के अंतर्गत घर में टेपनल कनेक्शन तो लगा दिया गया है, लेकिन पानी नहीं आ रहा। गर्मी शुरू होते ही गांव में पेयजल और निस्तारी से ग्रामीणों को जूझना पड़ रहा है।
विश्रामपुर के समारी बाई ध्रुव ने कहा की शासकीय स्कूल के पास लगे हैंडपंप के पानी से ही विश्रामपुरी के ग्रामीण अपनी प्यास बुझा रहे हैं। जल जीवन मिशन योजना के तहत घरों-घर लगाए गए टेपनल कनेक्शन सिर्फ शो-पीस बने हुए हैं।
Updated on:
06 Mar 2025 02:30 pm
Published on:
06 Mar 2025 02:28 pm
बड़ी खबरें
View Allधमतरी
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
