बिलासपुर

IMD Alert: एक्टिव हुआ तगड़ा सिस्टम! अगले 5 दिनों तक गरज-चमक के साथ होगी बारिश, मौसम विभाग ने जताई संभावना

IMD Alert: मौसम विभाग ने अगले 5 दिनों में दक्षिण छत्तीसगढ़ में एक-दो स्थानों पर मेघ गर्जन के साथ तेज हवा चलने और हल्की से मध्यम वर्षा होने की संभावना जताई है।

2 min read
IMD Rain Alert: दिल्ली-एनसीआर में 48 घंटे आंधी-बारिश का अलर्ट, 12 अप्रैल के बाद फिर चढ़ेगा पारा

IMD Alert: अप्रैल शुरू होते ही गर्मी अपनी प्रचंडता दिखाने लगी है। दिन भर तेज धूप से बाहर निकलना मुश्किल हो रहा है। बुधवार को भी यही आलम रहा। सुबह से लेकर शाम तक कड़ी धूप और गर्मी से लोग परेशान रहे। हालांकि सूर्य के ढलते ही हवाएं चलने से गर्मी से कुछ राहत मिली। यह क्रम देर रात तक बना रहा।

बिलासपुर में बुधवार को सुबह से ही कड़ी धूप रही। 8 बजे के बाद बाहर कामकाज के सिलसिले में निकलने वाले कैप या स्कार्फ का सहारा लेते नजर आए। दोपहर 12 बजे के बाद तो सड़के वीरान नजर आने लगीं। शाम 4 बजे तक बाजारों और चौक-चौराहों में कम भीड़ नजर आई। लेकिन धूप की तपिश शाम 5 बजे तक लोगों को झुलसाती रही। दिन ढलने के बाद धूप की तपिश से हल्की राहत मिलने लगी। रात में भी मंद-मंद हवाएं चलने से लोगों ने कुछ हद तक लोगों ने राहत महसूस की।

बढ़ेगा तापमान

हालांकि घरों या दफ्तरों में लगातार एसी-कूलरों का सहारा लेना पड़ा। बुधवार को शहर का अधिकतम तापमान 38.8 डिग्री तो न्यूनतम तापमान 26.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार आगामी पांच दिनों में अधिकतम तापमान में 1 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी का अनुमान है। इस बीच एक-दो स्थानों में तेज हवाओं के साथ हल्की बारिश का भी अनुमान है।

बारिश का अनुमान

मौसम विभाग ने अगले 5 दिनों में दक्षिण छत्तीसगढ़ में एक-दो स्थानों पर मेघ गर्जन के साथ तेज हवा चलने और हल्की से मध्यम वर्षा होने की संभावना जताई है। अगले 2 दिनों में उत्तर छत्तीसगढ़ में एक-दो स्थानों पर मेघ गर्जन के साथ तेज हवा चलने की संभावना है, जबकि अगले 3 दिनों में दक्षिण छत्तीसगढ़ में अधिकतम तापमान में 2-3°C की गिरावट होने की संभावना है। आज भी प्रदेश में एक दो स्थानों पर गरज-चमक के हल्की वर्षा होने अथवा गरज-चमक के छींटे पड़ने की संभावना जताई गई है।

एक्टिव है ये सिस्टम

बंगाल की खाड़ी में बना सिस्टम अब धीरे-धीरे कमजोर पड़ने की दिशा में है। मौसम विभाग के अनुसार यह सिस्टम उत्तर-उत्तर-पूर्व दिशा की ओर बढ़ रहा है और आने वाले समय में इसका प्रभाव कम होता जाएगा, लेकिन छत्तीसगढ़ पर इसका असर बने रहने की संभावना जताई गई है। वर्तमान में दो अलग-अलग द्रोणिका रेखाएं सक्रिय हैं, एक पश्चिम राजस्थान से उत्तर पश्चिम विदर्भ तक और दूसरी दक्षिण-पूर्व मध्य प्रदेश से होते हुए छत्तीसगढ़ से गंगेटिक पश्चिम बंगाल तक फैली है।

Published on:
10 Apr 2025 10:01 am
Also Read
View All

अगली खबर