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खतरनाक आनलाइन गेम पर रोक लगाने ड्राफ्ट तैयार, जल्द बनेगा कानून

ऑनलाइन गेम्स पर अंकुश लगाने के लिए ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है, जिसे जल्द ही मूूर्त रूप दिया जाएगा।

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खतरनाक आनलाइन गेम पर रोक लगाने ड्राफ्ट तैयार, जल्द बनेगा कानून

खतरनाक आनलाइन गेम पर रोक लगाने ड्राफ्ट तैयार, जल्द बनेगा कानून

भोपाल. मध्यप्रदेश सरकार जल्द ही खतरनाक ऑनलाइन गेम पर रोक लगाने जा रही है, जिसके लिए ड्राफ्ट भी तैयार कर लिया गया है, इस संबंध में कानून भी बनाया जाएगा, ताकि कोई गेम उसके दायरे में ही तैयार हों, चूंकि ऑनलाइन गेम के चक्कर में पडऩे में कई बच्चों ने अपनी जान गवाई है। इसी के चलते सरकार यह बड़ा फैसला ले रही है।


जानकारी के अनुसार गृहमंत्री डॉक्टर नरोत्तम मिश्रा ने ऑनलाइन गेम्स को दायरे में लाने के लिए कानून बनाने की बात कही है, ताकि इस प्रकार बच्चों की मौत नहीं हो, उन्होंने कहा कि यह गंभीर विषय है, जिस पर लगाम कसना जरूरी है, उन्होंने बताया कि ऑनलाइन गेम्स पर अंकुश लगाने के लिए ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है, जिसे जल्द ही मूूर्त रूप दिया जाएगा।

इन गेमों पर लगेगी रोक
आपको बतादें की इन दिनों पबजी, फ्री फायर जैसे कई गेम ऑनलाइन चलते हैं, जिसके बच्चे आदि हो जाते हैं, आश्चर्य की बात तो यह है कि इनके चक्कर में बच्चों की मौत तक हो रही है। इसलिए इस प्रकार के ऑनलाइन गेम पर शीघ्र प्रतिबंध लगने की तैयारी है।

5 वीं के बच्चे ने छत पर लगाया फंदा
राजधानी के बजरिया क्षेत्र के शंकराचार्य नगर में 5वीं के छात्र सूर्याश ओझा ने बुधवार को घर की छत पर फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। परिजन के अनुसार, 11 वर्षीय सूर्यांश चचेरे भाई के साथ पिछले कई दिन से ऑनलाइन गेम फ्री फायर खेल रहा था। उसने दादा के सोशल मीडिया अकाउंट से ऑनलाइन गेमिंग और खरीदारी की कई वेबसाइट सर्च की थीं। बुधवार को भी वह गेम खेल रहा था। इस बीच जब चचेरा भाई किसी काम से घर की निचली मंजिल पर गया, तभी सूर्यांश छत पर पहुंचा और लोहे की रॉड में तार बांधकर फंदे पर लटक गया।

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थाना प्रभारी उमेश यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में बच्चे के ऑनलाइन गेम खेलने की बात सामने आई है। पिता योगेश ओझा की बागसेवनिया इलाके में चश्मे की दुकान है। परिवार सामूहिक रूप से दादा-दादी, चाचा-चाची के साथ रहता था।