
JE took 35-35 thousand from three farmers
बैतूल। चिचोली विद्युत वितरण कंपनी कार्यालय में पदस्थ जेइ जितेन्द्र सिंह रावत का लगभग १५ दिन पहले तबादला हो चुका है,लेकिन वे अभी भी चिचोली में ही जमे हैं। जेइ रावत के तबादले की जानकारी लगते ही किसान अपने बिजली संबंधी कार्यों को लेकर कार्यालय पहुंच रहे हैं। किसानों से पैसा लिया और काम भी नहीं किया है। जिससे किसान शिकायत करने सामने आ रहे हैं। सोमवार फिर किसानों ने पैसे ेदेने के बाद ाी ट्रांसफार्मर नहीं लगने की शिकायत एसपी और अजाक कार्यालय में की है। किसान ने जेइ पर धोखाधड़ी का आरोप लगाते हुए एफआइआर की मांग की है। उल्लेखनीय है कि पूर्व में किसानों द्वारा की गई शिकायत में अधीक्षण यंत्री विद्युत वितरण कंपनी ने जांच के आदेश दे दिए हैं। शिकायतकर्ता किसानों के बयान भी लिए गए हैं। जांच के बाद जेइ पर कार्रवाई हो सकती है।
नहीं लगाए ट्रांसफॉर्मर
ग्राम हर्रावाड़ी के किसान बाबूलाल धुर्वे ने बताया कि चिचोली विद्युत वितरण कंपनी कार्यालय में पदस्थ रहे जेइ जितेन्द्र सिंह रावत को ३५ हजार रुपए ट्रांसफॉर्मर लगाने के लिए नगद दिए थे। दो वर्ष पहले यह राशि दी गईथी। जेइ रावत ने अभी तक ट्रांसफार्मर नहीं लगाया हैै। ३५ हजार रुपए की रसीद ाी नहीं दी है। ग्राम हर्रावाड़ी के ही किसान संतू परते ने बताया कि उनके द्वारा ३५ हजार रुपए दो वर्ष पहले टं्रासफॉर्मर लगाने के लिए दिए थे। इसके बाद भी आज तक ट्रंासफॅार्मर नहीं लगा है। हर्रावाड़ी के ही कालू परते का भी यही कहना है। हजारों रुपए लेने के बाद भी अधिकारी को कुछ भी डर नहीं है। गरीब किसानों के साथ धोखाधड़ी की जा रही है। विभाग के वरिष्ठ अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। लंबे समय से किसानों से धोखाधड़ी की जा रही है। पीडि़त किसानों सोमवार एफआइआर की मांग को लेकर अजाक थाने और एसपी कार्यालय में आवेदन दिया है।
Published on:
29 Sept 2020 04:03 am
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