दरअसल भागलपुर होकर वे बौंसी संस्कृत कॉलेज के महिला छात्रावास के शिलान्यास के लिए पहुंचे थे। सोमवार को शिलान्यास का कार्यक्रम तय था। रविवार रात कुलपति को बौंसी के एक होटल में ठहराया गया था। शौचालय जाने के क्रम में कुलपति उसके अंदर उस समय फंस गए जब दरवाजे का ऑटोमेटिक लॉक फंस गया और वे अंदर बेहोश हो गए।