
टापू में तब्दील हुए लांजी क्षेत्र के दो दर्जन गांव
बालाघाट. जिले में पिछले दो दिनों से बारिश आफत बनकर बरसी है। मूसलाधार बारिश और पांच जलाशयों से पानी छोड़े जाने के कारण बाघ नदी, वैनगंगा नदी, बावनथड़ी नदी उफान पर थी। लांजी क्षेत्र में करीब दो दर्जन गांव टापू में तब्दील हो गए। किरनापुर क्षेत्र के दर्जनों गांवों में पानी घुस गया। खैरलांजी क्षेत्र में भी बाढ़ के हालात बने हुए है। इस क्षेत्र में भी करीब तीन दर्जन मकानों को खाली कराया गया है। बाढ़ ने सबसे ज्यादा तबादी लांजी क्षेत्र में मचाई है। हालांकि, 16 अगस्त को बारिश तो नहीं हुई, लेकिन जलाशयों से छोड़े गए पानी के कारण नदियों का जल स्तर बढ़ा रहा। इधर, जिन क्षेत्रों में बाढ़ की स्थिति बनी रही, वहां पर एसडीआरएफ की टीम और प्रशासनिक अमले ने प्रभावितों को नाव के सहारे रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। इधर, पुलपुट्टा, भुआ गांव में एक-एक ग्रामीण के बहने की सूचना मिली है। बालाघाट-नैनपुर नेशनल हाईवे का मानकुंवर नदी का पुल क्षतिग्रस्त होने के कारण सड़क सम्पर्क टूटा हुआ है। बावनथड़ी नदी के उफान पर होने के कारण मोवाड़ का महाराष्ट्र राज्य से सड़क सम्पर्क टूटा हुआ है।
जानकारी के अनुसार 14 और 15 अगस्त को जिले में मूसलाधार बारिश हुई थी। वहीं 15 अगस्त को ही गोंदिया जिले के सिरपुर डेम के सात गेट खोल दिए गए थे। वहीं कालीसरार डेम के 4 गेट खोले गए थे। पुजारीटोला डेम के 13 गेट खोले गए थे। जिसके कारण लांजी-किरनापुर क्षेत्र में बाढ़ के हालात बने हुए है। इसी तरह भीमगढ़ बांध, राजीव सागर बांध परियोजना से भी वैनगंगा नदी में पानी छोड़ा गया। जिसके कारण खैरलांजी क्षेत्र में बाढ़ के हालात उत्पन्न हो गए। हालांकि, 16 अगस्त को बारिश नहीं होने से लोगों ने राहत की सास ली है। लेकिन बाढ़ का खतरा अभी भी बना हुआ है। प्रशासन बाढ़ पर नजरेें बनाए हुए है। मंगलवार को कलेक्टर डॉ. गिरीश कुमार मिश्रा, एसपी समीर सौरभ सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी किरनापुर क्षेत्र के ग्राम बाढ़ प्रभावित ग्राम नीलागोंदी पहुंचे। इस दौरान अधिकारियों का दल नाव के सहारेे नीलागोंदी पहुंचकर ग्रामीणों से चर्चा की।
सीएम चौहान ने जानी बाढग़्रस्त क्षेत्रों की स्थिति
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से बाढग़्रस्त क्षेत्रों की स्थिति और आपदा प्रबंधन की स्थिति की समीक्षा की। कलेक्टर डॉ गिरीश कुमार मिश्रा, एसपी समीर सौरभ किरनापुर से इस वीडियो कांफ्रेंस में शामिल हुए। मुख्यमंत्री चौहान ने बालाघाट जिले में आपदा प्रबंधन के लिए किए गए कार्य की सराहना की। इस दौरान कलेक्टर डॉ मिश्रा ने बताया कि बालाघाट जिले में आज वर्षा नहीं हो रही है। लांजी तहसील के ग्राम उमरी के शंकरटोला से 150 और खैरलांजी तहसील के ग्राम घोटी से 35 लोगों को कल रेसक्यू कर निकाला गया है। बाढ़ प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ठहराया गया है और उनके भोजन, स्वास्थ्य जांच की भी व्यवस्था की गई है।
Published on:
16 Aug 2022 10:03 pm
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