पांच राज्यों की पुलिस पपला के पीछे पुलिस अधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, बहरोड़ थाने पर एके-47 से हमले को केन्द्र सरकार ने भी गंभीर माना है। केन्द्रीय गृह विभाग ने हमले को चिंताजनक बताते हुए नाराजगी जताई है। केन्द्रीय गृह सचिव राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, उत्तरप्रदेश और दिल्ली के पुलिस महानिदेशकों को कुख्यात पपला गुर्जर गिरोह की धरपकड़ ऑपरेशन में शामिल होने के आदेश दिए हैं। इसके बाद इन पांचों राज्यों की पुलिस पपला गुर्जर और उसके साथियों की धरपकड़ में सरगर्मी से जुटी हुई है।
एसओजी एनकांउटर की तैयारी में हरियाणा के बाद राजस्थान पुलिस की बदनामी करने वाले पपला गुर्जर और उसके साथियों के खिलाफ राजस्थान पुलिस के सख्त तेवर हैं। पूरे मामले की जांच में जुटी एसओजी के नेतृत्व में पुलिस अधिकारी पपला और उसके साथियों की तलाश में ताबड़तोड़ दबिशें दे रहे हैं।
पपला गिरोह के पास आधुनिक हथियार हैं और धरपकड़ के दौरान वह पुलिस पर फायरिंग भी कर सकते हैं। इस लिहाज से राजस्थान एसओजी और पुलिस ने भी पपला और उसके साथियों के एनकांउटर की पूरी तैयारी कर रखी है।
पपला गिरोह के पास आधुनिक हथियार हैं और धरपकड़ के दौरान वह पुलिस पर फायरिंग भी कर सकते हैं। इस लिहाज से राजस्थान एसओजी और पुलिस ने भी पपला और उसके साथियों के एनकांउटर की पूरी तैयारी कर रखी है।
राजनीतिक व सामाजिक बचाव भी बदमाशों का नेताओं और पुलिस से गहरा गठजोड़ होता है। यह बात पपला गुर्जर प्रकरण में भी सामने आ रही है। पपला गुर्जर और उसके साथियों को एनकाउंटर से बचाने के लिए राजनीतिक और सामाजिक प्रयास तेज हो गए हैं। हरियाणा के एक मंत्री का बेटा पपला और उसके साथियों को सरेंडर कराने के लिए उच्च स्तर पर जुगत बैठाने में लगा है। वहीं, कई नेता, प्रभावशाली लोग और पुलिस अधिकारी सामाजिक स्तर पर इन प्रयासों में जुटे हैं। पपला के सहयोगी नरेन्द्र गुर्जर को भी एक पुलिस अधिकारी के सामाजिक तौर पर एसओजी के सामने सरेंडर कराने की चर्चा है।