अलवर. संत भारतीय सामाजिक सेवा संस्थान की ओर से 12 से 18 जुलाई तक 18 जुलाई तक शिव महापुराण कथा प्रतिदिन दोपहर एक से शाम पांच बजे तक शहर के विजय नगर मैदान में होगी। मंगलवार सुबह सात बजे शहर में कलश यात्रा निकाली गई। जिसमें करीब पांच हजार से ज्यादा महिलाएं शामिल हुईं। कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा का स्वागत किया।
कथा से पहले जयपुर रेंज आईजी उमेश दत्ता ने व्यवस्थाओं का जायजा लिया और निर्देश दिए। सावन में निकली यात्रा से शहर शिवमय हो गया। कलशयात्रा करीब तीन किमी लंबी थी। जिसे देखने भीड़ लग गई। महिलाएं भोले के जयकारे लगाते आगे बढ़ रही थीं।
इसका मुख्य आकर्षण ऊंट, हाथी, घोडा, नंदी, एकङ्क्षलग, त्रिपोलिया महादेव, बागेश्वर धाम, बाबा भर्तृहरि, पांडूपोल के अलावा नर्मदेश्वर शिवङ्क्षलग सहित करीब तीस से ज्यादा झांकियां शामिल थीं। घोडों पर महापुरुषों के रूप में बच्चे विराजमान थे।
सावन मास में होने वाला यह आयोजन दिनभर सोशल मीडिया पर छाया रहा। श्रद्धालुओं ने कलशयात्रा को लाइव कर जन-जन तक पहुंचाया। कलश यात्रा मन्नी का बड़ से रवाना होकर होपसर्कस, काशीराम का चौराहा, भगतङ्क्षसह, जेल का चौराहा होते हुए कथा स्थल विजयनगर पर पहुंची। शहर के काशीराम का चौराहे पर श्याम हनुमान सेवा समिति ने स्वागत किया।
होपसर्कस सहित अन्य मुख्य बाजारों व चौराहों पर सजावट की। कलशयात्रा की तैयारियों को लेकर बैठक की गई। कथास्थल पर दूर-दूर से श्रद्धालुओं का आना शुरू हो गया। लंबी कलशयात्रा के चलते बाजारों में सुबह के समय निकलना मुश्किल हो गया। स्कूल व दुकान जाने वालों को परेशानी उठानी पड़ी।
फल बांटे
सोमवंशी (जायसवाल) क्षत्रिय युवा संगठन ने कलशयात्रा की आरती की। संगठन की ओर से फल, मीठे पानी का वितरण कर ड्रोन से पुष्प वर्षा की। कार्यक्रम में संगठन जिलाध्यक्ष सुनील जायसवाल, अखिल भारतीय जायसवाल (सर्ववर्गीय) महासभा राजस्थान के पूर्व प्रदेशध्यक्ष नरेश धानावत, संगठन के जिला मंत्री सुरेंद्र जायसवाल, उपाध्यक्ष निशांत धानावत, रामू जायसवाल सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
बाउंसरों की टीम
शिव महापुराण कथा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए इंदौर से करीब 60 बाउंसरों की टीम बुलाई है। कथा स्थल पर श्रद्धालुओं के रहने व खाने का इंतजाम है। आधारकार्ड दिखाने पर पैकेट दिए जाएंगे।