25 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Gujarat: बीते सालों में डिप्लोमा करने वालों को डीटूडी इंजीनियरिंग प्रवेश में समान अवसर

-अब तक समान वर्ष में उत्तीर्ण डीई विद्यार्थियों को प्राथमिकता, शिक्षा विभाग ने प्रवेश नियमों में किया संशोधन

less than 1 minute read
Google source verification
acpc

Ahmedabad. बीते सालों में डिप्लोमा इंजीनियरिंग (डीई) करने वाले विद्यार्थियों को डिप्लोमा से डिग्री इंजीनियरिंग (डीटूडी इंजीनियरिंग) कोर्स में प्रवेश पाने के लिए अब समान अवसर प्राप्त होंगे। अब तक डीटूडी इंजीनियरिंग कोर्स में प्रवेश के लिए संबंधित प्रवेश वर्ष में डिप्लोमा करने वाले विद्यार्थियों को प्राथमिकता मिलती थी।

शैक्षणिक वर्ष 2025-26 की प्रवेश प्रक्रिया में ऐसा नहीं होगा। वर्ष 2023 या उससे पहले डिप्लोमा इंजीनियरिंग (डीई) करने वाले विद्यार्थियों को इस शैक्षणिक वर्ष 202526 में डीई करने वाले विद्यार्थियों के साथ एक ही मेरिट में स्थान मिलेगा।

दरअसल गुजरात सरकार ने गत वर्ष 2024-25 से डीटूडी इंजीनियरिंग और डीटूडी फार्मेसी कोर्स में प्रवेश के लिए डिप्लोमा से डिग्री कॉमन एंट्रेंस टेस्ट (डीडीसीईटी) लागू किया है। इसके परिणाम के आधार पर ही अब डीटूडी इंजीनियरिंग और फार्मेसी में प्रवेश दिया जाता है। ऐसे में बीते सालों में डीई करने वालों साथ अन्याय न हो इसलिए उन्हें एक ही मेरिट में शामिल करने का निर्णय किया है। इसका अमल इसी शैक्षणिक वर्ष 2025-26 से होगा।

गुजरात के शिक्षा विभाग ने इसके लिए गुजरात व्यावसायिक एवं तकनीकी पाठ्यक्रम प्रवेश एवं फीस नियम अधिनियम 2007 के नियमों में जरूरी सुधार किया है। सात मार्च 2025 को नियम संशोधन के साथ नई अधिसूचना भी जारी कर दी गई है। इस निर्णय के चलते हर साल करीब 400 विद्यार्थियों को लाभ होगा।

एसीपीसी के एक अधिकारी ने बताया कि बीते सालों में डिप्लोमा फार्मेसी करने वालों को भी डीटूडी फार्मेसी प्रवेश में एक समान अवसर मिलेगा। इसके लिए भी प्रवेश नियम में संशोधन किया है।

8-9 अप्रैल को भी कर सकेंगे आवेदन

डीडीसीईटी-2025 के लिए पंजीकरण से चूके विद्यार्थी 8 और 9 अप्रैल को पंजीकरण कर सकेंगे। एसीपीसी ने दो दिन के लिए आवेदन विन्डो खोलने की घोषणा की है। इस साल 19 हजार छात्रों ने पंजीकरण किया है।