किसी मंत्री के नहीं पहुंचने पर उठे थे सवाल
इससे पहले गुरूवार को सुरेंद्र सिंह की पत्नी ने सरकार के प्रति नाराजगी जताई थी। उन्होंने पत्रकारों से कहा था कि मेरे पति मुख्यमंत्री को बचाते हुए शहीद हो गए, लेकिन CM साब मिलने तक नहीं आए। अगर मेरे पति उस समय वहां से हट जाते तो क्या होता, सरकार की तरफ से कोई नहीं आया हमारे पास, हमें लिखित में आश्वासन चाहिए। इसके अलावा ASI सुरेंद्र सिंह के अंतिम संस्कार में बीजेपी सरकार के किसी मंत्री के नहीं पहुंचने पर सवाल उठे थे। बता दें, गुरुवार शाम 4 बजे उनके पैतृक गांव नीमराणा (काठ का माजरा) में राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया था। पुलिस जवानों ने गॉर्ड ऑफ ऑनर दिया, जिसके बाद बेटे आकाश ने अपने पिता को मुखाग्नि दी थी।
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17 दिसंबर के बाद मिलेंगे CM भजनलाल
ASI सुरेंद्र सिंह के परिजनों से गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने कहा कि हम आपके पिताजी को तो वापस नहीं ला सकते, लेकिन परिवार की मदद करने में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे…आप हमारे बच्चे हैं, सरकार और प्रशासन पूरी तरह आपके साथ है, CM ने कहा है कि परिवार को हर संभव सहायता दी जाए…वह खुद 17 दिसंबर के बाद परिवार से मुलाकात करने के लिए आएंगे। इस दौरान मंत्री ने बताया कि मैं करौली जिले में एक कार्यक्रम में था, वहां से सीधा आया हूं। सीएम ने कहा है कि परिवार को हर संभव सहायता दी जाए। बच्चों की जिम्मेदारी पूरी तरह से हमारी है।
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